हिन्दू हित की बात करो।।।
यह हार नहीं है कैराना की, हिन्दू की अकुलाहट है !
पश्चिम यूपी से उठती क्यों, फिर गजवे की आहट है !!
हमनें तुमको दिया सिंहासन, हर हर मोदी नाम दिया !
तुम भी ज़रा बताओ खुलकर, क्या हिन्दू का काम किया ??
तिरपाल अवध में टंगा हुआ है, घाटी अब भी रोती है !
महबूबा की गलबहियों में, कूटनीति क्यों सोती है ??
भ्रमित हुए तुम सत्ता पाकर, या फिर मद में फूल गये !
जिसके बल पर चमके हो तुम, उसी राम को भूल गये !
तुम कितना भी ज़ोर लगा लो, वोट न उनका पाओगे !
लोमड़ियों की संगत में तुम, अपने सिंह गँवाओगे !!
मूरख मुझको कह सकते हो, मै तो छोटा बिन्दू हूँ !
शुभचिंतक हूँ सदा आपका, मै इक आहत हिन्दू हूँ !!
समय तीव्र गति भाग रहा है, राम लला की शरण गहो !
लोमड़ियों का साथ छोड़कर, हिंदू हित का चरण गहो !!
सिंहासन के मध्य में तुमने कोर्ट का आदेश पलट दिया !
इसके बदले में जनता ने तुम्हें तीन स्टेट में उलट दिया !
अब भी समय है सत्ता के मद से बाहर निकलो तुम !
अब अपनी आंखें खोलो तुम वरना 2019 में बनवास झेलो तुम !
भारत का हर बच्चा बच्चा, हर हर मोदी बोलेगा !!
फिर तुमको यह रूठा हिन्दू, स्वर्ण तुला में तोलेगा !
पश्चिम यूपी से उठती क्यों, फिर गजवे की आहट है !!
हमनें तुमको दिया सिंहासन, हर हर मोदी नाम दिया !
तुम भी ज़रा बताओ खुलकर, क्या हिन्दू का काम किया ??
तिरपाल अवध में टंगा हुआ है, घाटी अब भी रोती है !
महबूबा की गलबहियों में, कूटनीति क्यों सोती है ??
भ्रमित हुए तुम सत्ता पाकर, या फिर मद में फूल गये !
जिसके बल पर चमके हो तुम, उसी राम को भूल गये !
तुम कितना भी ज़ोर लगा लो, वोट न उनका पाओगे !
लोमड़ियों की संगत में तुम, अपने सिंह गँवाओगे !!
मूरख मुझको कह सकते हो, मै तो छोटा बिन्दू हूँ !
शुभचिंतक हूँ सदा आपका, मै इक आहत हिन्दू हूँ !!
समय तीव्र गति भाग रहा है, राम लला की शरण गहो !
लोमड़ियों का साथ छोड़कर, हिंदू हित का चरण गहो !!
सिंहासन के मध्य में तुमने कोर्ट का आदेश पलट दिया !
इसके बदले में जनता ने तुम्हें तीन स्टेट में उलट दिया !
अब भी समय है सत्ता के मद से बाहर निकलो तुम !
अब अपनी आंखें खोलो तुम वरना 2019 में बनवास झेलो तुम !
भारत का हर बच्चा बच्चा, हर हर मोदी बोलेगा !!
फिर तुमको यह रूठा हिन्दू, स्वर्ण तुला में तोलेगा !